दिल्ली: निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि कोई भी व्यक्ति ऑनलाइन किसी का वोट नहीं हटा सकता और कर्नाटक के अलंद में भी किसी मतदाता का नाम गलत तरीके से नहीं हटाया गया है। आयोग ने बताया कि 2023 में, नाम हटाने के संदिग्ध प्रयास के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी। आयोग ने कहा कि किसी भी व्यक्ति को सुनवाई का अवसर दिए बिना मतदाता-सूची से उसका नाम नहीं हटाया जा सकता।
आयोग के अनुसार, अलंद में नाम हटाने के लिए छह हजार 18 आवेदन प्राप्त हुए थे जिनमें से केवल 24 ही सही पाए गए। महाराष्ट्र के चंद्रपुर में राजुरा के मामले में, मतदाता पंजीकरण के लिए सात हजार 792 आवेदन प्राप्त हुए थे। इनमें से छह हजार 861 आवेदन अमान्य पाए गए थे।
नोट: अगर आपको यह खबर पसंद आई तो इसे शेयर करना न भूलें, देश-विदेश से जुड़ी ताजा अपडेट पाने के लिए कृपया TRUTH WATCH INDIA के Facebook पेज को Like व Twitter पर Follow करना न भूलें...